The Boy Who Harnessed The Wind In Hindi 99%

एक ऐसी प्रेरक और दिल को छू लेने वाली कहानी है जो इंसान के अटूट आत्मविश्वास और दृढ़ संकल्प को दर्शाती है। यह विलियम कामक्वाम्बा (William Kamkwamba) की सच्ची जीवन गाथा है, जिन्होंने केवल 13 साल की उम्र में अपनी बुद्धि और सीमित संसाधनों से अपने गाँव को भुखमरी और अकाल से बचाया था।

The Boy Who Harnessed the Wind " विलियम कामक्वाम्बा की एक प्रेरणादायक सच्ची कहानी है, जो मलावी के एक छोटे से गाँव में अकाल के खिलाफ उनके संघर्ष को दर्शाती है। यह कहानी दिखाती है कि कैसे केवल 13-14 साल की उम्र में, विलियम ने अपनी बुद्धिमत्ता और विज्ञान के ज्ञान का उपयोग करके अपने परिवार और गाँव को भुखमरी से बचाया। कहानी का सारांश (Summary) The Boy Who Harnessed the Wind - Social Justice Books

विलियम अपने दोस्तों के साथ मिलकर एक ऊँची पवन चक्की बनाता है। जैसे ही हवा चलती है, चक्की घूमने लगती है और डायनेमो के माध्यम से बिजली पैदा होती है, जिससे पानी का पंप चलने लगता है। सूखे खेतों में पानी आने लगता है और गाँव में फिर से हरियाली लौट आती है। the boy who harnessed the wind in hindi

विलियम हार नहीं मानता और अपने क्लास टीचर की मदद से स्कूल की लाइब्रेरी में छिपकर जाने लगता है। वहाँ उसे ऊर्जा (energy) और भौतिकी (physics) से संबंधित किताबें मिलती हैं। एक किताब में पवन चक्की (windmill) के बारे में पढ़कर उसे विचार आता है कि वह हवा की शक्ति से बिजली पैदा कर सकता है और पानी का पंप चला सकता है।

कई महीनों की मेहनत के बाद, जब विलियम ने पवन चक्की को पूरा किया और हवा चली, तो उसकी पवन चक्की चलने लगी और एक बल्ब जल उठा। यह देखकर पूरे गाँव में खुशी की लहर दौड़ गई। उसने न केवल बिजली पैदा की बल्कि पानी निकालने की मशीन भी बनाई जिससे खेती हो सके। the boy who harnessed the wind in hindi

कहानी का सबसे भावुक हिस्सा विलियम और उसके पिता (श्री कामक्वांबा) के बीच का तनाव है। पिता चाहते हैं कि बेटा खेती में हाथ बटाए, जबकि बेटा अपने सपने देखता है। अंत में जब पिता को अपने बेटे पर गर्व होता है, वह दृश्य पाठकों की आँखें नम कर देता है।

उत्तर: विलियम ने कचरे से सामान इकट्ठा किया, जिसमें शामिल हैं: the boy who harnessed the wind in hindi

इस कहानी पर एक बेहतरीन फिल्म भी बनी है (च्वेतल एजियोफोर द्वारा निर्देशित)। फिल्म बहुत खूबसूरत है, लेकिन किताब अधिक गहराई देती है। किताब में विलियम के अंदर के डर, उसकी निराशा और उसके द्वारा पढ़ी गई हर किताब का विवरण है, जो फिल्म में सिमट सकता है।

पुस्तक बेहद सरल और प्रवाहपूर्ण हिंदी/अंग्रेजी में लिखी गई है (अनुवादित संस्करण भी उपलब्ध हैं)। लेखक ने अकाल की भयावहता को इतने करीब से दिखाया है कि पढ़ते समय आप उस भूख को महसूस कर सकते हैं।

विलियम का परिवार बहुत गरीब था। उनके गाँव में बिजली नहीं थी और खेती के लिए पानी का एकमात्र स्रोत बारिश थी। एक साल भयंकर सूखा (Drought) पड़ा, जिससे फसलें बर्बाद हो गईं। परिवार के पास खाने के लिए अनाज नहीं था और पूरा गाँव भुखमरी का शिकार हो गया।